फर्रूखाबाद : गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा दिलाने की उठी आवाज, राष्ट्रपति और पीएम के नाम सौंपा ज्ञापन

सोमवार को जनपद फर्रूखाबाद में ‘गो सम्मान आह्वान अभियान’ के दूसरे चरण के तहत गोभक्तों और संत समाज ने जमकर हुंकार भरी। अभियान के तहत देश भर से जुटाए गए 15 करोड़ से अधिक हस्ताक्षरों के साथ राष्ट्रपति द्रोपति मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम ज्ञापन जिलाधिकारी डॉ अंकुर लाठर को सौंपा गया। इस दौरान गोमाता के संरक्षण, सुरक्षा और सम्मान को लेकर सरकार के सामने 30 से अधिक प्रमुख मांगें रखी गईं।

15 करोड़ से ज्यादा लोगों ने समर्थन में किए दस्तखत

बता दें कि पिछले 6 महीनों से संतों और गौभक्तों के नेतृत्व में यह मुहीम चलाई जा रही है। पहले चरण में 27 अप्रैल 2026 को देश की 5000 से अधिक तहसीलों से करीब 5 करोड़ हस्ताक्षर भेजे गए थे। हालांकि, मांग पूरी न होने के कारण अब दूसरे चरण में 15 करोड़ से ज्यादा नागरिकों के समर्थन के साथ रिमाइंडर पत्र भेजा गया है, जिसमें फर्रूखाबाद के हजारों लोगों ने भी बढ़-चढ़कर अपना समर्थन दिया है।

फर्रुखाबाद
फर्रुखाबाद

शंखनाद और पदयात्रा के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे गोभक्त

कार्यक्रम का आगाज गोमाता के पूजन, शंखनाद और “श्री राम जय राम जय जय राम” के जयकारों के साथ हुआ। इसके बाद गोभक्त हाथों में तख्तियां, बैनर और झंडे लेकर भजन-कीर्तन करते हुए कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचे। यात्रा में भगवान श्रीकृष्ण-बलराम के स्वरूप और गोमाता की झांकी आकर्षण का केंद्र रही। वहां पहुंचकर संतों और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधिमंडल ने डीएम को हस्ताक्षर युक्त मांग पत्र सौंपा।

गौ संरक्षण सिर्फ धर्म नहीं, अर्थव्यवस्था का भी आधार

प्रतिनिधियों ने कहा कि गोमाता केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं हैं, बल्कि यह भारतीय संस्कृति, कृषि, पर्यावरण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूत रीढ़ हैं। उन्होंने सरकार से मांग की कि गोहत्या निषेध के लिए केंद्रीय कानून बने, गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित किया जाए और केंद्रीय गो मंत्रालय की स्थापना हो। साथ ही गोचर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने और गौ-केंद्रित नीतियां बनाने की मांग उठाई गई।

Amar Agnihotri
Author: Amar Agnihotri

Leave a Comment

और पढ़ें