बुधवार को जनपद फर्रुखाबाद के कायमगंज कोतवाली क्षेत्र में भीषण गर्मी से बचने के लिए बूढ़ी गंगा नदी में नहाते समय डूबकर 12 वर्षीय मासूम की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान गांव चौखड़िया निवासी रमेश के 12 वर्षीय पुत्र चंदन के रूप में हुई है, जोकि कक्षा चार का छात्र था। चंदन की मौत की सूचना पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

मवेशी चराने गया था मासूम, गहरे पानी में डूबने से हुआ हादसा
सुबह चंदन गांव के ही कुछ अन्य बच्चों के साथ बूढ़ी गंगा के किनारे पशु चराने गया था। दोपहर के समय सूरज की तपिश और तेज गर्मी से राहत पाने के लिए वह पशुओं को पानी पिलाते-पिलाते खुद भी नदी में नहाने उतर गया। नहाते समय चंदन का पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में चला गया। उसे डूबता देख साथ आए बच्चों ने शोर मचाना शुरू कर दिया और भागते हुए गांव पहुंचकर घरवालों को इसकी जानकारी दी।
बेटे को बचाने उतरे पिता की भी बिगड़ी हालत
जैसे ही चंदन के डूबने की खबर पिता रमेश तक पहुंची, वह पागलों की तरह नदी की तरफ भागे। अपने जिगर के टुकड़े को तलाशने के लिए रमेश ने खुद नदी में कई गोते लगाए। इस कोशिश में वह खुद डूबते-डूबते बचे और गहरे पानी के दबाव के कारण बेहोश हो गए। आनन-फानन में ग्रामीणों ने पिता रमेश को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कायमगंज में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज जारी है।

तीन बहनों का इकलौता भाई था चंदन, मां का रो-रोकर बुरा हाल
कड़ी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने चंदन को पानी से बाहर निकाला और अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर अमरेश ने उसे मृत घोषित कर दिया। चंदन अपनी तीन बहनों का इकलौता भाई था। मासूम की मौत की सूचना पर मां पूनम व उसकी बहनों का रो-रो कर बुरा हाल है। वही आपको बता दे की कुआंखेड़ा चौकी इंचार्ज जितेंद्र ने शव का पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।


















