जनपद फर्रूखाबाद के नवाबगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने सतर्कता दिखाते हुए चेन स्नेचिंग की घटनाओं को अंजाम देने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। रविवार सुबह पुलिस ने मंझना पुल के पास सघन वाहन चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान एक संदिग्ध कार को रुकने का इशारा किया गया। कार सवारों ने भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस टीम ने घेराबंदी कर कार सवार युवकों और महिलाओं को पकड़ लिया।

ई-रिक्शा सवार महिलाओं को बनाते थे निशाना
पुलिस पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों की पहचान मध्य प्रदेश के श्योपुर निवासी काजल, उसके पति राजवीर मोगिया, मथुरा निवासी वीरेंद्र सिंह और एक किशोरी के रूप में हुई है। आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे ई-रिक्शा में यात्रियों के साथ बैठकर मौका मिलते ही चेन स्नेचिंग की वारदात को अंजाम देते थे। 26 जून को कस्बे की सुषमा यादव और 28 जून को दुधियापुर निवासी मोनाली यादव के साथ हुई चेन स्नेचिंग की घटनाओं में भी इसी गिरोह का हाथ था।

बिक्री की रकम और 57 हजार रुपये कैश बरामद
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि चोरी की गई चेन को उन्होंने बाजार में बेच दिया था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल 57,000 रुपये नकद बरामद किए हैं। इनमें काजल से 19,700 रुपये, राजवीर से 17,300 रुपये, वीरेंद्र सिंह से 14,600 रुपये तथा किशोरी से 8,110 रुपये बरामद हुए हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।























