जनपद फर्रुखाबाद से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। नवाबगंज ब्लॉक क्षेत्र के अचरा तकीपुर गांव में शुक्रवार की शाम अचानक एक झोपड़ी में भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने इतना विकराल रूप ले लिया कि झोपड़ी के अंदर बंधी 10 बकरियां जिंदा जल गईं। इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।

चीख-पुकार और अफरा-तफरी: 30 मिनट तक मौत का तांडव
यह झोपड़ी गांव के बाहर रहने वाले सरनेश उर्फ बदले कठेरिया (पुत्र मैकू लाल) की थी। शुक्रवार शाम करीब 7:30 बजे जब अचानक आग की लपटें उठीं, तो गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने अपनी जान जोखिम में डालकर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन लपटें इतनी तेज थीं कि झोपड़ी के पास जाना भी नामुमकिन था। लगभग आधे घंटे तक आग ने ऐसा तांडव मचाया कि झोपड़ी के अंदर रखा सारा सामान और पांच बड़ी बकरियां समेत उनके पांच बच्चे जलकर राख हो गए।

प्रशासनिक अमला मौके पर: बेजुबानों को बचाने की हर कोशिश हुई नाकाम
घटना की सूचना मिलते ही अचरा चौकी इंचार्ज सूर्य प्रकाश उपाध्याय और मेरापुर थाना प्रभारी राजीव कुमार पांडे भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों की सूचना पर फायर ब्रिगेड को भी बुलाया गया, लेकिन तब तक सब कुछ बर्बाद हो चुका था। जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि मनीष चंद मिश्रा ने भी मौके पर पहुंचकर पीड़ित किसान को ढांढस बंधाया और आर्थिक मदद का आश्वासन दिया।


















