फर्रुखाबाद में नाबालिग बच्ची से अश्लील हरकत के पुराने मामले में अदालत ने अहम फैसला सुनाया है। विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) एवं अपर सत्र न्यायाधीश ऋतिका त्यागी की अदालत ने सुनवाई पूरी होने के बाद आरोपी रामप्रकाश शर्मा उर्फ मझले को दोषी करार दे दिया है। अदालत ने सजा तय करने के लिए 10 फरवरी की तारीख मुकर्रर की है। इस फैसले के बाद इलाके में मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
2017 की घटना, अब आया फैसला
यह मामला फर्रुखाबाद के मऊदरवाजा थाना क्षेत्र से जुड़ा है। पीड़ित बच्ची के पिता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि 13 सितंबर 2017 की रात करीब आठ बजे उनकी 10 वर्षीय बेटी घर के बाहर टहल रही थी। उसी दौरान पास में रहने वाला आरोपी उसे टॉफी का लालच देकर अपने पास बुला ले गया और उसके साथ अश्लील हरकत करने लगा। बच्ची डरकर रोने लगी और शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए।
लोगों को देख भागा आरोपी
बच्ची के रोने की आवाज सुनकर पड़ोसी, उसका भाई और अन्य लोग मौके पर पहुंचे तो आरोपी घबराकर वहां से भाग गया। इसके बाद बच्ची ने घर पहुंचकर परिजनों को पूरी घटना बताई। परिजनों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने जांच पूरी होने के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया।
गवाह और सबूत बने आधार
कोर्ट में सुनवाई के दौरान गवाहों के बयान, मेडिकल और अन्य सबूत पेश किए गए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने आरोपी को दोषी माना। अब 10 फरवरी को अदालत सजा पर अंतिम फैसला सुनाएगी। यह फैसला बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में सख्त कार्रवाई का संदेश देता है।


















