फर्रुखाबाद जनपद के कमालगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने महिला तस्करी से जुड़ा बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जो महिलाओं को बहला-फुसलाकर उन्हें बंधक बनाता था और फिर पैसों के लिए बेच देता था। इस गिरोह में आठ लोग शामिल थे, जिनमें तीन महिलाएं भी हैं।

गाजियाबाद की महिला बनी शिकार
गाजियाबाद निवासी मुस्कान नाम की महिला इस गैंग की शिकार बनी। 28 अक्टूबर 2025 को अपने पति से झगड़े के बाद वह मायके जा रही थी। ट्रेन में उसे परेशान देखकर श्यामा देवी, राशिद और राज नाम के तीन लोग उसके पास आए और हमदर्दी जताने लगे।

नशीला पदार्थ खिलाकर किया कैद
तीनों आरोपी मुस्कान को बहला-फुसलाकर कमालगंज स्थित श्यामा देवी के घर ले गए। वहां उसे नशीला पदार्थ खिलाकर एक कमरे में बंद कर दिया गया। होश आने पर जब मुस्कान ने विरोध किया तो गिरोह के अन्य सदस्य – राज, राशिद, श्यामा देवी और चार-पांच लोग – ने उसकी बेरहमी से पिटाई की और जान से मारने की धमकी दी।

जबरन शादी और भागकर पहुंची थाने
1 नवंबर को गिरोह ने मुस्कान की जबरन शादी कायमगंज के रहने वाले सुनील नाम के व्यक्ति से पैसे लेकर करा दी। जब मुस्कान ने सुनील को बताया कि वह पहले से शादीशुदा है, तो सुनील ने अनजान होने की बात कही। मौका पाकर मुस्कान किसी तरह भाग निकली और सीधे कमालगंज थाने पहुंची।
पुलिस की बड़ी कार्रवाई, आठ गिरफ्तार
महिला की शिकायत पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए गिरोह के आठ सदस्यों — राज, माया, सकीना, वीरे, रामकरण, चरण सिंह, श्यामा देवी और राशिद — को गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस ने बुधवार को उन्हें कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।













