जनपद फर्रुखाबाद में स्वर्गीय भारत तिवारी के कथित एनकाउंटर मामले को लेकर एक बार फिर आवाजें बुलंद होने लगी हैं। राष्ट्रीयवादी ब्रह्म महासभा ने इस प्रकरण को गंभीर बताते हुए महामहिम राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट पारुल तरार को सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। संगठन का कहना है कि यदि किसी व्यक्ति पर आरोप हैं तो उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन किसी भी स्थिति में न्यायिक प्रक्रिया से हटकर उठाए गए कदम समाज में कई सवाल खड़े करते हैं।

स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराने की उठी मांग
ज्ञापन में कहा गया है कि मामले की उच्च स्तरीय और पारदर्शी जांच कराई जाए ताकि वास्तविक तथ्य सामने आ सकें। संगठन ने मांग की है कि जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी या विशेष जांच दल से कराई जाए। उनका मानना है कि निष्पक्ष जांच से ही लोगों का भरोसा न्याय व्यवस्था में बना रह सकता है और पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सकेगी।

दोषियों पर कार्रवाई और परिवार को मदद की मांग
संगठन ने ज्ञापन में यह भी मांग की है कि यदि जांच में किसी अधिकारी या कर्मचारी की भूमिका सामने आती है तो उनके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही मृतक के परिवार को शासन स्तर से नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराई जाए। ज्ञापन में घटना से जुड़े सभी तथ्यों को सार्वजनिक करने की भी मांग की गई है ताकि पारदर्शिता बनी रहे और लोगों के बीच किसी तरह की भ्रम की स्थिति न रहे।

ज्ञापन के दौरान मौजूद रहे
राष्ट्रवादी ब्रह्म महासभा जिलाध्यक्ष अमन दुबे, विजय शुक्ला, अशोक मिश्रा, प्रबल स्वास्थ्य, नवनीत अवस्थी, विजय त्रिपाठी, मिथिलेश पाठक, अनुज दुबे, आकाश तिवारी, अनुभव अवस्थी, अनूप दुबे, पंकज अवस्थी, अभिषेक दुबे, अमन दीक्षित, सचिन शुक्ला, लाल जी मिश्रा, महेंद्र सिंह, ललित तिवारी, आकाश तिवारी, शिखर मिश्रा, सनी तिवारी, नरेंद्र नाथ तिवारी, प्रदीप चतुर्वेदी, संजीव कुमार, नीरज अग्निहोत्री व श्याम अवस्थी समेत अन्य संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे।



















