गुरुवार की सुबह जनपद फर्रुखाबाद की गंगा कटरी क्षेत्र के गांव समेचीपुर चितार में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। सुबह एक परिवार खाना बना रहा था, तभी चूल्हे से निकली एक छोटी सी चिंगारी ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। तेज हवाओं के कारण आग ने पल भर में आसपास की 11 झोपड़ियों को अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। लोग जान बचाकर बाहर निकले, लेकिन देखते ही देखते उनकी मेहनत की कमाई और घर का सारा सामान जलकर राख हो गया।

प्रशासन की देरी से ग्रामीणों में भारी आक्रोश
आग लगने की सूचना तुरंत पुलिस, फायर ब्रिगेड और प्रशासनिक अधिकारियों को दी गई। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना मिलने के काफी देर बाद दमकल की टीम और राजस्व विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। जब तक मदद पहुंची, तब तक ग्रामीण खुद ही आग बुझाने में जुटे थे। ग्राम प्रधान के पुत्र ने पंप सेट की मदद से आग पर काबू पाने की कोशिश की। करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह नियंत्रण पाया जा सका। इस दौरान अकीशन बेगम और ईदुल के परिवार का भारी नुकसान हुआ, जिनमें तरबूज की बिक्री के रखे लाखों रुपए भी जल गए।

भारी नुकसान का आकलन और वर्तमान स्थिति
इस भीषण अग्निकांड में झोपड़ियों के साथ-साथ घरेलू सामान, नकदी और तरबूज की बिक्री की बड़ी रकम जल गई है। साथ ही दो मवेशी भी झुलस गए हैं। थाना अध्यक्ष रमेश सिंह ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि राहत और बचाव कार्य पूरा कर लिया गया है और गनीमत रही कि कोई जनहानि नहीं हुई है। प्रशासन अब नुकसान का सटीक आकलन कर पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया में जुटा है।



















