रविवार को फर्रुखाबाद शहर में हिंदू राष्ट्र की मांग को लेकर एक भव्य भगवा यात्रा निकाली गई। यह यात्रा त्रिपोलिया चौक से शुरू होकर लाल गेट पर संपन्न हुई। यात्रा में हजारों की संख्या में सनातनियों ने हिस्सा लिया, जिनके हाथों में भगवा ध्वज थे और जुबान पर “जय श्री राम” के नारे। पूरा शहर कुछ देर के लिए भगवामय नजर आया।

हिंदू संगठनों की एकजुटता ने दिखाई ताकत
इस यात्रा का आयोजन अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद और बजरंग दल सहित अन्य हिंदू संगठनों ने किया। यात्रा का नेतृत्व अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के जिला मंत्री सनी गुप्ता ने किया। सबसे आगे ‘सनातन हिंदू यात्रा’ लिखा वाहन चल रहा था, जिसके पीछे युवा भगवा झंडों के साथ उत्साह से आगे बढ़ रहे थे।

डीजे, नारे और आतिशबाजी ने बढ़ाया माहौल
यात्रा की शुरुआत आतिशबाजी से हुई। डीजे पर “जय श्री राम”, “भारत माता की जय” और “जात-पात छोड़ो, हिंदू-हिंदू जोड़ो” जैसे नारे गूंजते रहे। रास्ते भर लोगों ने फूलों की वर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। यात्रा मार्ग को भगवा झंडों से सजाया गया था, जिससे माहौल पूरी तरह धार्मिक रंग में रंग गया।

हिंदू राष्ट्र बनाने का संकल्प
बजरंग दल के महामंत्री सनी गुप्ता ने कहा कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य देश को हिंदू राष्ट्र घोषित करने की मांग को मजबूती से उठाना है। उन्होंने बताया कि यह यात्रा सुबह 11 बजे शुरू होकर दोपहर 1 बजे लाल गेट पर शांतिपूर्वक समाप्त हुई।

संतों का संदेश: सनातन की रक्षा जरूरी
यात्रा में श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा संत समिति के अध्यक्ष सत्यागिरी महाराज भी शामिल हुए। उन्होंने कहा कि गौ माता, गंगा माता, सनातन धर्म और साधु-संतों की रक्षा के लिए हिंदू राष्ट्र जरूरी है। उन्होंने सभी सनातनियों से अपने-अपने जिलों में ऐसी यात्राएं निकालने की अपील की।

बागेश्वर धाम यात्रा से मिली प्रेरणा
अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के प्रदेश महामंत्री अरविंद सिंह सेंगर और जिला अध्यक्ष साहिल मिश्रा ने बताया कि बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की दिल्ली से मथुरा तक निकली हिंदू राष्ट्र यात्रा से प्रेरणा लेकर फर्रुखाबाद में यह आयोजन किया गया। आयोजकों के अनुसार यात्रा में करीब एक से डेढ़ हजार लोग शामिल हुए।

चाक-चौबंद रही पुलिस व्यवस्था
यात्रा की सूचना पहले से होने के कारण पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। लाल गेट पर अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह, सीओ सिटी ऐश्वर्या उपाध्याय सहित भारी पुलिस बल तैनात रहा, जिससे यात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।


















