जनपद फर्रुखाबाद के कायमगंज कोतवाली क्षेत्र के गांव जिजपुरा में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक 21 वर्षीय युवती संदिग्ध परिस्थितियों में झोपड़ी में जली हुई मिली। परिजन ने ग्रामीणों की मदद से उसे आनन-फानन में सीएचसी में भर्ती कराया, जहां ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने उसे प्राथमिक इलाज के बाद लोहिया अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। लोहिया अस्पताल में हालत में सुधार न होने पर युवती को उच्च चिकित्सा के लिए सैफई मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया गया। जहां उसका इलाज जारी है।

सुसाइड नोट और पेट्रोल की बोतल ने उलझाई गुत्थी
पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट, टेप और पेट्रोल की एक बोतल बरामद हुई है। सुसाइड नोट में भावुक कर देने वाली बातें लिखी हैं, जिसमें युवती ने लिखा है, “मुझे माफ कर देना, मैं जा रही हूं… तुम्हारी बेटी बनकर फिर आऊंगी।” हालांकि, इस सुसाइड नोट की सत्यता की जांच की जा रही है। मौके पर मिले सबूत पहली नजर में इसे आत्महत्या की ओर इशारा कर रहे हैं, लेकिन पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है।

परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, बच्चे के बयान ने चौंकाया
पीड़ित युवती नीलम के परिजनों ने एक युवक पर उसे आग के हवाले करने का गंभीर आरोप लगाया है। इसी बीच, एक बच्चे के बयान ने मामले में नया मोड़ ला दिया है। बच्चे के अनुसार, घटना से कुछ देर पहले उसने नीलम को झोपड़ी में अकेला देखा था और उसके मुंह पर टेप लगा हुआ था। युवती पांच भाइयों की इकलौती बहन है और उसका भाई भीम आर्मी का जिला उपाध्यक्ष बताया जा रहा है।

पुलिस की कार्रवाई और उच्च अधिकारियों का निरीक्षण
घटना की सूचना मिलते ही एसपी अरुण कुमार सिंह और सीओ ने भारी पुलिस बल के साथ मौके मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल की थी। एसपी ने बताया कि सुसाइड नोट और साक्ष्यों के आधार पर जांच की जा रही है। परिजनों के आरोपों को भी गंभीरता से लिया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही इस पूरी घटना का खुलासा कर दिया जाएगा कि यह आत्महत्या है या कोई बड़ी साजिश।


















