फर्रुखाबाद : स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग सख्त, अब QR कोड से खुलेगी स्कूल वैन की पोल – डग्गामार वाहनों पर चलेगा चाबुक

फर्रुखाबाद में स्कूली बच्चों के सफर को सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। कानपुर मंडल के संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) ने एआरटीओ कार्यालय में समीक्षा बैठक की, जिसमें फैसला लिया गया कि अब जनपद के सभी स्कूली वाहनों का पूरा ब्योरा ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज होगा। सबसे खास बात यह है कि हर वाहन के लिए एक यूनिक QR कोड जारी किया जाएगा। इसे स्कैन करते ही अभिभावक और अधिकारी मौके पर ही गाड़ी और ड्राइवर की पूरी जानकारी देख सकेंगे।

15 अप्रैल तक का मिला अल्टीमेटम

आरटीओ राहुल श्रीवास्तव ने साफ निर्देश दिए हैं कि 15 अप्रैल तक हर हाल में सभी स्कूली वाहनों का रजिस्ट्रेशन पोर्टल पर पूरा हो जाना चाहिए। जांच के दौरान पाया गया कि कई गाड़ियों में कमियां हैं, जिन्हें तुरंत सुधारने के आदेश दिए गए हैं। जिले में कुल 484 स्कूली वाहन रजिस्टर्ड हैं, जिनमें से 33 की वैधता खत्म हो चुकी है। अब तक 143 वाहनों की जांच हुई है, जिनमें से अधिकतर में खामियां मिली हैं। प्रशासन इन कमियों को लेकर बेहद सख्त रुख अपना रहा है।

खटारा गाड़ियों और ई-रिक्शा पर होगी स्ट्राइक

बैठक में यह मुद्दा भी उठा कि कई स्कूलों में बच्चों को लाने-लेजाने के लिए अवैध रूप से ई-रिक्शा, टेंपो और पुरानी वैन का इस्तेमाल हो रहा है। आरटीओ प्रशासन कृष्ण कुमार ने बताया कि ऐसे “खटारा” और डग्गामार वाहनों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर उन्हें जब्त किया जाएगा। जब्त वाहनों को खड़ा करने के लिए जिलाधिकारी के साथ मिलकर जगह भी चिह्नित की जा रही है। साफ़ संदेश है कि बच्चों की जान से खिलवाड़ करने वाले वाहन अब सड़कों पर नहीं दिखेंगे।

फर्रुखाबाद दर्पण
फर्रुखाबाद दर्पण
Amar Agnihotri
Author: Amar Agnihotri

Leave a Comment

और पढ़ें