जनपद फर्रुखाबाद की कायमगंज तहसील में रजिस्ट्री और नामांतरण की प्रक्रिया को लेकर बड़ा संकट खड़ा हो गया है। तहसील स्थित सब-रजिस्ट्रार कार्यालय में बेनामे से जुड़े कार्यों में सिर्फ एक ही गाटा दर्ज हो पा रहा है। इस तकनीकी खामी के कारण न सिर्फ आम जनता परेशान है, बल्कि दस्तावेज लेखक और अधिवक्ता भी भारी असुविधा झेल रहे हैं।
ऑनलाइन सिस्टम बना परेशानी की जड़
वर्तमान व्यवस्था के तहत न्यायालय में सभी गाटों की ऑनलाइन एंट्री अनिवार्य है। लेकिन समस्या यह है कि यदि किसी विक्रय पत्र में चार गाटे शामिल हैं, तो ऑनलाइन नामांतरण के लिए सिर्फ एक ही गाटा न्यायालय में दिखाई देता है। बाकी तीन गाटे सिस्टम में स्वतः गायब हो जा रहे हैं, जिससे नामांतरण की प्रक्रिया अधूरी रह जाती है।
आम जनता और खरीदार सबसे ज्यादा प्रभावित
इस गड़बड़ी का सीधा असर जमीन खरीदने वाले खरीदारों और बेचने वाले विक्रेताओं पर पड़ रहा है। लोग बार-बार तहसील और न्यायालय के चक्कर काटने को मजबूर हैं। महीनों बीत जाने के बाद भी नामांतरण नहीं हो पा रहा, जिससे जमीन से जुड़े अन्य काम भी अटक जा रहे हैं।
अधिवक्ताओं और दस्तावेज लेखकों में भारी नाराजगी
तकनीकी खामी से नाराज दस्तावेज लेखक और अधिवक्ताओं में रोष व्याप्त है। उनका कहना है कि जब तक समस्या का समाधान नहीं होगा, तब तक वे दस्तावेजों से संबंधित कार्य नहीं करेंगे। इससे तहसील का पूरा कामकाज ठप होने की स्थिति बन गई है।
प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग
दस्तावेज लेखकों और अधिवक्ताओं ने प्रशासन से मांग की है कि इस गंभीर समस्या को प्राथमिकता के आधार पर सुलझाया जाए। उनका कहना है कि ऑनलाइन सिस्टम में सुधार कर सभी गाटों की सही एंट्री सुनिश्चित की जाए, ताकि नामांतरण प्रक्रिया सुचारू रूप से चल सके और आम जनता को राहत मिल सके।


















